Breaking News

प्राचीन वैज्ञानिकों और गणितज्ञों के द्वारा कही गयी कुछ महत्वपूर्ण बातें || Said By Ancient Scientists And Mathematicians

प्राचीन वैज्ञानिकों और गणितज्ञों  के द्वारा कही गयी कुछ महत्वपूर्ण बातें || Said By Ancient Scientists And Mathematicians || ब्रह्मांड विज्ञान 

दोस्तों   आज  मैं   बहुत   ही   अद्भुत   ज्ञान   आप   को   देने   जा   रहा   हूँ। वो  सारे  अद्भुत  ज्ञान  आप  को  वैज्ञानिकों   के  द्वारा  और   उन्होंने जो   तथ्य  दिए  वो   आप   के   सामने   रखने  जा   रहा   हूँ। जो  हर  वक़्त  विज्ञान  के  सामने  एक  नया  Confusion  करता  था।


ancient-scientists-and-mathematic




तो आईये शुरू  करते  है  ... 

#1. 1930  में  भौतिक  विज्ञान  के  लिए  नोबल  पुरुस्कार  से  

    सम्मानित  भारतीय  वैज्ञानिक  ( सी.वी . रमण )  ने  Indian 

    Academy  Of  Science  की  सभा  में  कहे  थे  कि " ब्रह्माण्ड  

    अनोखी  चीज़  है  जिसमे  वह  स्वयं  रहते  है। 

                                 
  
   


#2. डेनमार्क  के  खगोलशास्त्री  " ओलोस   रोइमर "  ने  सर्वप्रथम 

    सन  1676   में  प्रकाश  की  गणना  की  थी , जो 1,86,000  मील 

    प्रति  सेकण्ड  थी। 

                     


#3. 2.5  मिलियन  प्रकाश  वर्ष  दूर  " एंड्रोमेडा  "  ग्लैक्सी  

    सबसे      दूरस्थ  तथा  नग्न  आखों  से  दिखाई  देते  है  जिसमे  

    400  विलियन  तारों  के  साथ  ये  सबसे  लम्बी  ग्लैक्सी  है।  

                           
  
      

#4. एरिस्टोटल   ने  पाइथागोरस  की  बात  का  समर्थन  किया 

    और  कहा  की  पृथ्वी  गोलाकार  है  तथा  केंद्र में  स्तिथ  है। 

    लेकिन  हम  जानते  है  कि  केंद्र  में  सूर्य  है। 

                   
 
    

#5. 100 - 165  ई. पू  टॉलमी  ने  बताया  था  पृथ्वी  केंद्र  में  स्तिथ  है  

    और  गतिहीन   है ,  उस  समय  टॉल्मी  को  " खगोलशस्त्रियो  

    का  राजा  "  के  नाम  से  जाना  जाता  था। 

    जिओ  यानी  ग्रीक  में  पृथ्वी  और  टॉल्मी  ने  जियोस्ट्रिक  का  

    नाम  दिया  इस  सिद्धांत  को। 

                             

    

#6. टॉलमी  की  सिद्धांत  को  कॉपरनिकस   ने  गलत  साबित  किये 

     उन्होंने  हेलिओसेंट्रिक  यानी  सूर्य  केंद्र  में  है  ये  सिद्धांत  दिए 

     हीलिओ  यानी  ग्रीक  में  सूर्य  भगवान्  का  नाम  है। 

                               

                   

#7. इंग्लैंड    के  नॉरमन  लोकिअर  ने  एक  ऐसे  क्रोमोस्फियर  का  

    परीक्षण  किया , जो  सौर - वायुमंडल  की  तरह  ही  था। 

    उन्होंने  सूर्य  के  प्रतिबिम्ब  में  असामान्य  रेखा  को  ढूंढ  निकाला। 

    जिसका  नाम  हीलियम  रखा  गया। 

                                   
    

#8. ब्रिटिश  खगोलशास्त्री  जॉन  गुडरिक  ने सन  1784  में सेफ़िअस 

    तारामंडल  में  "डेल्टा  सेफी "  का  पता  लगया  था , जो 53  

    दिनों   की  अवधि  पर  अपनी  रोशनी  को  कम - ज्यादा  करता  

    है।  जिन   तारों   की  अवधि  तीन  से  पचास  दिनों  तक  हो  

    जाती  है, उन्हें  " सेफाइड  वेरोएबल्स  " कहा  जाता  है। 

                         

#9.  कार्ल  एफ. गॉस  को  " गणितज्ञों  का  राजकुमार "  भी  कहते  

    है।  उन्होंने  कहा  गणित  विज्ञान  की  रानी  है  और  अंकगणित 

    गणित  की  रानी  है। 

                            
     

#10. 9 , 12  और  15  को  एक  साथ  पैथागोरस  ट्रिपल  कहते  है।       


तो  इसी  के  साथ  मैं  आशा  करता  हूँ  की  आपको  पसंद  आया  
होगा। 

आपका  धन्यवाद  !!!

Posted By Ainesh Kumar

No comments

मैं आप सबका शुक्रिया अदा करता हूँ की आप ने मेरे आर्टिकल को पढ़ा और इतना सारा प्यार दिया . अब अगर आप को कोई Confusion है, तो आप कमेन्ट में पूछ सकते है .धन्यवाद . Follow:- https://gyanvigyafacts.blogspot.com/